भारत सरकार के दिशा निर्देशों का पालन करते हुए पीआर 24x7 ने किया "वीमेन हरस्मेंट समिति "का गठन


इंदौर, फरवरी, 2021: भारत में महिलाओं को देवी के स्वरुप माना जाता है। कई घरों में बेटी के जन्म पर उसे लक्ष्मी प्राप्ति का दर्जा दिया जाता है, यहाँ तक कि बहु को भी घर की लक्ष्मी का स्थान प्राप्त है। नवरात्रि विशेष कन्या भोजन हो या किसी शुभ कार्य की शुरुआत, बालिकाओं को पूजने के साथ ही प्रत्येक शुभ-मंगल कार्य उन्हीं के शुभ हाथों से संपन्न किया जाता है। लेकिन, आज के इस आधुनिक दौर में यह दर्जा मात्र उस दिन विशेष के लिए सीमित होकर रह गया है। सदियों से देवी स्वरुप पूज्यनीय बालिका या महिला को प्रत्येक क्षेत्र में यातनाओं का सामना करना पड़ रहा है। दफ्तर हो या सड़क हो, महिला कहीं भी सुरक्षित नहीं है। आए दिन महलाओं पर बढ़ते अत्याचार तथा शोषण आदि हमारे निरंतर बढ़ते समाज को बेड़ियों से जकड़ कर कौंध रहे हैं। इसके उपाय हेतु देश की मुख्य पीआर संस्था पीआर 24x7, वीमन हरासमेंट कमिटी का संचालन कर रही है, जिसका उद्देश्य समूचे दफ्तर में किसी भी प्रकार की प्रताड़ना से हर एक महिला को सुरक्षित रखना है।  

 

संस्था के फाउंडर, अतुल मलिकराम बताते हैं कि आज महिलाएँ घर और दफ्तर दोनों को बेहद संतुलित तरीके से संचालित कर रही हैं और हर एक क्षेत्र में किसी न किसी बड़े पद पर कार्य करके पुरुषों के साथ कदम से कदम मिलाकर चल रही हैं। इसके बावजूद, कहीं न कहीं नारी की सुरक्षा पर सदियों से प्रश्न चिह्न लगा हुआ है। बदनामी के डर से अधिकांश मामलों में महिलाएँ चुप रहकर शोषण का शिकार होती रहती हैं। किसी भी बड़े कार्य की शुरुआत छोटे रूप में ही की जाती है। इसे पहल के रूप में लेकर संस्था ने वीमन हरासमेंट कमिटी की सार्थक शुरुआत की है, जिसके अंतर्गत संस्था में कार्यरत हर एक महिला इस कमिटी के सदस्य से उसके साथ होने वाले शोषण या किसी भी प्रकार की होने वाली परेशानी की शिकायत कर सकती है, जिस पर तुरंत कार्रवाही की जाएगी। संस्था के ही सात वरिष्ठ लोगों के साथ ही वकील एकता शर्मा का भी कमिटी के सदस्यों के रूप में गठन किया गया है।

 

महिला सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सरकार द्वारा कई छोटे-बड़े कानून बनाए गए हैं। बावजूद इसके, आए दिन पुरुषों द्वारा महिलाओं पर अत्याचार करने के संगीन आरोप लगते दिखाई दे जाते हैं। दरिंदगी खत्म होने के बजाय दिन-प्रतिदिन रफ्तार पकड़ रही है। अब समय आ गया है सदियों से चली आ रही इस बेबाक चुप्पी को तोड़ने का। अब सरकार और समाज को एकजुट होकर महिलाओं की सुरक्षा के लिए समाधान खोजने होंगे। इस सार्थक पहल की शुरुआत के रूप में वीमन हरासमेंट कमिटी का गठन करके पीआर 24x7 ने साबित कर दिया है कि संस्था सिर्फ कार्यशीलता से ही संचालित नहीं होती। इसके सदस्यों की समस्याओं को अपनी समस्या समझना ही एक संस्था को ब्रांड के रूप में भीड़ से अलग स्थान देता है, जो अनंत काल तक संस्था के साथ चलता है।

Popular posts
पैशन के पीछे भागने से बेहतर उसे जीवित रखना - एक्टर-
Image
नुसरत भरुचा ने 'जनहित में जारी' के सेट से एक दिलचस्प वीडियो साझा किया; क्रू ने कॉमेडी ड्रामा की शूटिंग फिर से शुरू की*
Image
डालमिया भारत ने झारखंड में श्रावणी मेले के दौरान सामाजिक परिवर्तन की पहल से अपनी क्षेत्रीय उपस्थिति मजबूत की* सीमेंट क्षेत्र की नेतृत्वकारी कंपनी ने मेले में आने वाले भक्तों के स्वागत के लिए भगवान शिव के 16 फुट ऊंचे प्रतिरुप व दो कांवर स्थापित किया सामुदायिक प्रयासों में धैर्य व कौशल का प्रदर्शन करने वाले देवघर के नायकों के लिए जय कांवर अवार्ड की स्थापना कर कंपनी ने स्थानीय विशेषज्ञों को सलाम किया
Image
बॉलीवुड अभिनेता आयुष मेहरा ने एक रोमांचक प्रोजेक्ट की शूटिंग के दौरान दुबई शहर किया एक्स्प्लोर*
Image
ASUS strengthens pan India retail strategy with the launch of an Exclusive Store in Rajkot
Image